Friday, February 19, 2010

For Dadu & Dadi



दादी का मै राज दुलारा,
दादा की आँखो का तारा,
दोनों मुझको हरदम भाते,
सेर कराने मुझे ले जाते !!

दादू मेरे ताली बजाते,   
जब पापा मुझे रुलाते,
दादी मेरी सबसे अच्छी ,
मै उनकी हूँ प्यारी बच्ची !!

दूध पिलाए फेन घुमा कर ,
मुझे हंसाये डमरू बजाकर,
दिन भर उनके पास ही रहती,
साथ उनके हर पल खेलती !!

शाम को दादू आते घर पैर,
ताली बजाकर चुटकी बजाकर,
मै हँस देती उन्हें देखकर,  
वो हँस देते मुझे देखकर !!        

आज आपको एक बात कहूं मै ,
एक दम सच्ची बात कहूं मै,
बड़ी होकर मै नाम करूंगी,
खूब पडूँगी खूब लिखूंगी, 
आप दोनों से प्यार करूंगी,
हर मुश्किल को पार करूंगी !!

No comments:

Post a Comment